जिलाधिकारी के निर्देशन में अतिक्रमण हटाने के बाद स्वच्छता बनाए रखने की जिम्मेदारी पंचायतों व निकायों की — अभियान में तेजी

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जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में अतिक्रमण हटाने के बाद स्वच्छता बनाए रखने की जिम्मेदारी पंचायतों व निकायों की — अभियान में तेजी

चौथे दिन तक 1000 टन कूड़ा निस्तारित, दैनिक मॉनिटरिंग के निर्देश

हरिद्वार जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के निर्देशन में जनपद में अतिक्रमण हटाने के साथ-साथ व्यापक स्वच्छता अभियान तेज़ी से संचालित किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया है कि अतिक्रमण हटाने के बाद संबंधित क्षेत्रों को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाए रखना पंचायतों एवं स्थानीय निकायों की प्राथमिक जिम्मेदारी है। अभियान के चौथे दिन तक लगभग 1000 टन कूड़ा निस्तारित किया जा चुका है, जो इस अभियान की गति और प्रभावशीलता को दर्शाता है।
जिलाधिकारी ने सभी खंड विकास अधिकारियों, उप-जिलाधिकारियों एवं तहसीलदारों को निर्देशित किया है कि वे प्रतिदिन सफाई कार्यों की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करें। साथ ही, नोडल अधिकारियों को भी दैनिक रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि अभियान की सतत निगरानी एवं त्वरित समस्या समाधान संभव हो सके।
जिले के विभिन्न क्षेत्रों में सफाई कार्य सक्रिय रूप से संचालित किए जा रहे हैं। बीएचईएल क्षेत्र में महाप्रबंधक/नगर प्रशासक संजय पंवार के निर्देशन में अभियान जारी है, जबकि नगर निगम हरिद्वार में आयुक्त नंदन कुमार के मार्गदर्शन में सफाई कार्य किए जा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में पंचायत सचिव एवं खंड विकास अधिकारी स्वच्छता व्यवस्था को सुनिश्चित कर रहे हैं।
स्वच्छता कंट्रोल रूम के नोडल अधिकारी चंद्रकांत मणि त्रिपाठी ने जानकारी दी कि मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र के निर्देशन में प्राप्त शिकायतों का त्वरित निस्तारण कराया जा रहा है। संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध रूप से सूचित कर कार्यवाही सुनिश्चित की जा रही है।
जिलाधिकारी ने कहा कि अभियान का उद्देश्य केवल अतिक्रमण हटाना ही नहीं, बल्कि जनपद के प्रत्येक क्षेत्र को स्वच्छ, सुरक्षित एवं व्यवस्थित बनाना है। इसके लिए निरंतर निगरानी, जनसहभागिता और विभागीय समन्वय को प्राथमिकता दी जा रही है।

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