देहरादून। प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल और पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के नेतृत्व में निर्वाचन आयोग के खिलाफ विशाल प्रदर्शन कर सचिवालय स्थित निर्वाचन कार्यालय का घेराव किया। पार्टी ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला फूंका और उपजिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग अपनी संवैधानिक निष्पक्षता खो चुका है और मुख्य निर्वाचन आयुक्त अन्य आयुक्तों की असहमति के बावजूद एकतरफा व असंवैधानिक फैसले ले रहे हैं।

SIR में अनियमितता के लगाए गंभीर आरोप
कांग्रेस नेताओं ने उत्तराखंड में चल रही विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि राज्य की विभिन्न विधानसभाओं में बड़ी संख्या में फार्म-7 का गलत इस्तेमाल कर वैध मतदाताओं के नाम हटाने की साजिश की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि बाहरी व्यक्तियों द्वारा असामान्य संख्या में आपत्तियां दर्ज कराई जा रही हैं, जिन पर विपक्ष की शिकायतों के बावजूद चुनाव आयोग कोई कार्रवाई नहीं कर रहा है।

राष्ट्रपति से की गई प्रमुख मांगें
महामहिम राष्ट्रपति को भेजे ज्ञापन में कांग्रेस ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार व दोनों निर्वाचन आयुक्तों को तत्काल पद से हटाकर गिरफ्तार करने और उनके पूर्व फैसलों को निरस्त करने की मांग की। इसके साथ ही, चुनाव आयोग की प्रक्रिया में पारदर्शिता लाने, अत्यधिक फार्म-7 जमा करने वाले व्यक्तियों की जांच कराने और बिना भौतिक सत्यापन व सुनवाई के किसी भी वैध मतदाता का नाम न हटाने की मांग प्रमुखता से उठाई गई।
